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Wednesday, 4 December 2019

                  141 .प्रयास पत्रिका कनाडा 

जय श्री कृष्ण मित्रो ,आप सभी का दिन शुभ हो । 
अंतरराष्ट्रीय पत्रिका प्रयास (कनाडा)में कुछ पंक्तियां ☺️☺️
तेरे मन की तू जाने ,मैं मेरे मन की कहता हूं।
दिल है मेरा प्रीत है मेरी ,क्यों तुझको ही सुनता हूँ ।
युग बीते यादों में तेरी ,पल छिन सपनों में रहता हूँ ,
यादों के आंचल में ,जाने क्यों आज भी सिमटा रहता हूँ/

वर्षा वार्ष्णेय अलीगढ़

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